Loading AWGP Bengaluru
अखिल विश्व गायत्री परिवारBengaluru

AWGP Bengaluru · सेवा

हम वृक्ष क्यों लगाते हैं: सेवा एक आध्यात्मिक साधना

AWGP बेंगलूरु · 10 मई 2026 · 4 मिनट पढ़ें

हम वृक्ष क्यों लगाते हैं: सेवा एक आध्यात्मिक साधना

गायत्री परिवार मानता है कि जो साधना केवल आसन तक सीमित रहती है, वह अधूरी है। आंतरिक परिष्कार को सेवा में उमड़ना चाहिए — वह नि:स्वार्थ सेवा जो हमारे चारों ओर के संसार को सँवारती है। वृक्षारोपण उस उमंग की सबसे सरल और मूर्त अभिव्यक्ति है।

जब कोई स्वयंसेवक ऐसा वृक्ष लगाता है जिसकी छाया में वह शायद कभी न बैठे, तब कुछ सूक्ष्म घटित होता है। वह अहंकार जो सदा पूछता है 'मुझे क्या मिलेगा?', शांत होने लगता है। बिना अपेक्षा की गई सेवा स्वयं एक ध्यान है — यह स्वार्थ की पकड़ ढीली करती है और हमें उन पीढ़ियों से जोड़ती है जिनसे हम कभी नहीं मिलेंगे।

वर्षभर हमारे बेंगलूरु के स्वयंसेवक विद्यालयों, मंदिरों और सार्वजनिक स्थानों पर पौधे लगाते और उनका पोषण करते हैं। एक बार वृक्षारोपण अभियान में सम्मिलित होइए, तब समझ आएगा कि हम मिट्टी को अपना गुरु क्यों कहते हैं।

इस लेख को साझा करें
← सभी लेख
हम वृक्ष क्यों लगाते हैं: सेवा एक आध्यात्मिक साधना | AWGP Bengaluru — Gayatri Pariwar Bangalore